पिथौरागढ़ : राष्ट्रसेवा के जज्बे के साथ सीमांत गांवों की ओर बढ़े 80 एनसीसी कैडेट
धारचूला में एनसीसी का सीमांत गांव शिविर शुरू

सीमांत क्षेत्रों की भौगोलिक परिस्थितियों, लोक संस्कृति और ग्रामीण जीवन से कैडेट्स को परिचित कराने के उद्देश्य से 80वीं उत्तराखंड बटालियन एनसीसी, के तत्वावधान में आयोजित सीमांत गांव कार्यक्रम शिविर का शनिवार को कुमाऊं स्काउट्स सभागार, धारचूला में भव्य शुभारंभ हुआ।
कार्यक्रम का उद्घाटन बटालियन के कमान अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल डी.एस. ऐरी के संबोधन से हुआ। शिविर में पिथौरागढ़, अल्मोड़ा और बागेश्वर की एनसीसी इकाइयों के कुल 80 कैडेट्स भाग ले रहे हैं। कार्यक्रम की शुरुआत एनसीसी गीत और राष्ट्रगान के साथ हुई। राष्ट्रगान के दौरान अधिकारियों, सैन्य कार्मिकों और कैडेट्स ने पूर्ण अनुशासन एवं सम्मान के साथ सहभागिता की।
कमान अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल डी.एस. ऐरी ने कैडेट्स को शिविर के उद्देश्यों, प्रशिक्षण, अनुशासन और आगामी गतिविधियों की जानकारी देते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। कमान अधिकारी ने कहा कि सीमांत गांव कार्यक्रम कैडेट्स के लिए सीमावर्ती क्षेत्रों के सामाजिक, सांस्कृतिक, भौगोलिक और सामुदायिक जीवन को करीब से समझने का महत्वपूर्ण अवसर है।
उन्होंने कैडेट्स से शिविर को केवल प्रशिक्षण कार्यक्रम के रूप में न लेकर सीखने और नए अनुभव प्राप्त करने के अवसर के रूप में लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सीमांत क्षेत्रों की विषम भौगोलिक परिस्थितियों, स्थानीय संस्कृति, परंपराओं और ग्रामीण जीवन को करीब से समझने से कैडेट्स के ज्ञान और व्यक्तित्व का विकास होगा।
एनसीसी युवाओं में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, साहस, आत्मविश्वास, राष्ट्रभक्ति, टीम भावना और सामाजिक उत्तरदायित्व जैसे गुण विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। शिविर के दौरान कैडेट्स को सीमांत क्षेत्र की भौगोलिक एवं सामाजिक परिस्थितियों, स्थानीय जीवनशैली, संस्कृति, परंपराओं और पर्यावरण से संबंधित जानकारी दी जाएगी। इ
सके साथ ही विभिन्न प्रशिक्षण एवं जागरूकता गतिविधियों के माध्यम से कैडेट्स की नेतृत्व क्षमता और व्यक्तित्व विकास पर भी जोर दिया जाएगा। शिविर में 80वीं उत्तराखंड बटालियन एनसीसी पिथौरागढ़ के 40, 77वीं उत्तराखंड बटालियन अल्मोड़ा के 20 तथा 81वीं उत्तराखंड बटालियन बागेश्वर के 20 कैडेट्स शामिल हैं।
कमान अधिकारी और प्रशिक्षकों ने कैडेट्स को शिविर के दौरान अनुशासन, सुरक्षा और निर्धारित कार्यक्रमों का पूरी तरह पालन करने के लिए प्रेरित किया। कैडेट्स में शिविर को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम में मेजर संध्या, एएनओ कैप्टन हरीश बिष्ट, लेफ्टिनेंट डॉ. हेमंत कुमार जोशी, सार्जेंट मेजर (मानद लेफ्टिनेंट) गंगा सिंह, सूबेदार जसवंत सिंह, नायब सूबेदार वीरेंद्र सिंह, बीएचएम नवीन चंद्र, सीएचएम लोकेंद्र, सीएचएम हरीश चंद्र, सीएचएम त्रिलोक सिंह और एनके भैरवी प्रसाद सहित सैन्य अधिकारी, प्रशिक्षक और कैडेट्स मौजूद रहे।
हमसे जुड़ें और अपडेट्स पाएं!
सबसे नए समाचार और अपडेट्स पाने के लिए जुड़े रहें।







